अंजली गुप्ता
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
जम्मू, 20 फरवरी। सरकार ने विधानसभा को जानकारी दी कि जम्मू-कश्मीर में रिंग रोड परियोजनाओं के लिए अधिग्रहित भूमि के मुआवजे के रूप में अब तक 1,684 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जारी की जा चुकी है। विधायक देवयानी राणा के प्रश्न के उत्तर में राजस्व विभाग ने बताया कि जम्मू रिंग रोड परियोजना जम्मू और सांबा जिलों से होकर गुजरती है, जबकि कश्मीर रिंग रोड श्रीनगर, बारामूला, पुलवामा, बडगाम, गांदरबल और बांदीपोरा जिलों को कवर करती है।
सरकार के अनुसार, मुआवजे का वहन National Highways Authority of India (एनएचएआई) और केंद्र शासित प्रदेश सरकार के बीच 90:10 के अनुपात में किया गया है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार:
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जम्मू डिवीजन में 322.21 करोड़ रुपये की कुल ठेके राशि में से 270.11 करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं, जबकि 52.10 करोड़ रुपये लंबित हैं।
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कश्मीर डिवीजन में 1,784.49 करोड़ रुपये में से 1,514.34 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं और 270.15 करोड़ रुपये लंबित हैं।
सरकार ने बताया कि अब तक 1,450.94 करोड़ रुपये वितरित किए जा चुके हैं, जबकि 63.40 करोड़ रुपये का भुगतान शेष है।
कई मामलों में मुआवजा लंबित है। जम्मू डिवीजन में सांबा के 38 और जम्मू के 112 मामले इंडेंटिंग विभाग द्वारा धनराशि जमा न करने, मुकदमेबाजी और अन्य भूमि विवादों के कारण लंबित हैं। जम्मू जिले के लिए 3.73 करोड़ रुपये की राशि भूमि राशि पोर्टल पर अपलोड की जा चुकी है। कश्मीर मंडल में श्रीनगर (57), बारामूला (7), बडगाम (247), गांदरबल (905) और बांदीपोरा (32) मामलों में भुगतान लंबित है। भूमि स्वामित्व विवादों से जुड़े मामलों में जम्मू - कश्मीर हाई कोर्ट में 28.20 करोड़ रुपये जमा कराए गए हैं। सरकार ने स्पष्ट किया कि विवाद रहित मामलों में मुआवजा भूमि राशि पोर्टल के माध्यम से नियमित रूप से वितरित किया जा रहा है।