जयपुर, 7 जून।
जयपुर पुलिस आयुक्त श्री सचिन मित्तल ने शहर में सड़क सीमा (राइट ऑफ वे) में आने वाले धार्मिक स्थलों को हटाने की कार्रवाई के दौरान सोशल मीडिया और अन्य डिजिटल माध्यमों पर अफवाह या धार्मिक उन्माद फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है।
पुलिस आयुक्त ने बताया कि जयपुर विकास प्राधिकरण (JDA) द्वारा सड़क सीमा में आने वाले धार्मिक स्थलों को हटाने की प्रक्रिया की जा रही है। इस दौरान कुछ असामाजिक तत्व या शरारती प्रवृत्ति के लोग धार्मिक भावनाएं भड़काने, सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने और कानून-व्यवस्था प्रभावित करने के उद्देश्य से भ्रामक वीडियो, पोस्ट या अन्य सामग्री प्रसारित करने का प्रयास कर सकते हैं।
उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी व्यक्ति द्वारा जानबूझकर भड़काऊ वीडियो बनाने, तथ्यहीन अथवा भ्रामक सामग्री साझा करने और धार्मिक भावनाओं को भड़काने का प्रयास किए जाने पर उसके खिलाफ कानून के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस आयुक्त ने बताया कि जयपुर पुलिस की साइबर शाखा और कानून-व्यवस्था से जुड़ी इकाइयों को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स तथा अन्य डिजिटल माध्यमों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही अफवाह, भ्रामक सूचना या शांति व्यवस्था प्रभावित करने वाली किसी भी गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है।
जयपुर पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी अपुष्ट सूचना, वीडियो या संदेश को साझा करने से पहले उसकी सत्यता की जांच अवश्य करें तथा सामाजिक सौहार्द बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें।