लिसिका ग्रोवर
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
Kanpur के फूलबाग मंडी में हुए भीषण अग्निकांड ने दर्जनों परिवारों की जिंदगी को पूरी तरह झकझोर कर रख दिया है। इस हादसे में व्यापारियों की वर्षों की मेहनत पलभर में राख हो गई, जिससे पीड़ित परिवार आर्थिक और मानसिक संकट से जूझ रहे हैं।
मंगलवार को व्यापार मंडल अध्यक्ष सिद्धार्थ काशीवार ने कहा कि प्रत्येक प्रभावित दुकानदार को कम से कम 2.75 लाख रुपये का मुआवज़ा दिया जाना चाहिए, ताकि वे अपने जीवन को दोबारा पटरी पर ला सकें।
इस घटना के विरोध में उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल ने आंदोलन का ऐलान कर दिया है। प्रदेश अध्यक्ष वीएस गुप्ता के निर्देश पर कानपुर मंडल के पदाधिकारियों ने पीड़ित परिवारों के साथ खड़े होकर मुआवज़े और सुरक्षा व्यवस्था की मांग को लेकर संघर्ष शुरू कर दिया है।
अग्निकांड में कुल 32 परिवार प्रभावित हुए हैं, जिनकी आजीविका पूरी तरह खत्म हो गई है। व्यापारियों के अनुसार कई लोगों की जिंदगीभर की कमाई इस हादसे में जलकर राख हो गई। कुछ परिवार ऐसे भी हैं जिनके सामने अब जीवनयापन का गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
सिद्धार्थ काशीवार ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि इस घटना की कीमत निर्दोष व्यापारियों को चुकानी पड़ी है। उन्होंने बताया कि कई परिवारों की निजी जिम्मेदारियां—जैसे शादी, पढ़ाई और इलाज—भी इस हादसे से प्रभावित हुई हैं। एक बुजुर्ग महिला का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि उसकी बेटी की शादी के लिए जुटाई गई पूरी रकम आग में जल गई।
व्यापार मंडल पिछले दो दिनों से लगातार पीड़ितों के साथ खड़ा है और सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया है कि प्रत्येक प्रभावित दुकानदार को न्यूनतम 2.75 लाख रुपये का मुआवज़ा दिया जाए। साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
संगठन ने यह भी घोषणा की है कि जल्द ही मुख्यमंत्री को मांग पत्र सौंपकर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
इस दौरान संगठन मंत्री आनंद गुप्ता, नरेश कठेरिया, अजय प्रकाश तिवारी, अजय श्रीवास्तव शीलू, जितेंद्र गिरि, दिलीप सिंह, राम शंकर राय, विनोद अवस्थी, प्रीति सोनकर सहित कई पदाधिकारी और सभी प्रभावित परिवार मौजूद रहे।