लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
शालू कुमारी
UGC-NET की हालिया Sociology परीक्षा एक बार फिर विवादों में आ गई है। परीक्षा में कथित तौर पर खराब हिंदी ट्रांसलेशन, गलत शब्दों और कुछ प्रश्नों की अस्पष्ट भाषा को लेकर छात्रों ने कड़ी नाराज़गी जताई है।
परीक्षा देने वाले कई अभ्यर्थियों का कहना है कि कुछ प्रश्नों का अनुवाद इतना खराब था कि उन्हें समझने में दिक्कत हुई, जिससे उत्तर देने में भ्रम की स्थिति बनी। कई छात्रों ने सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे को उठाते हुए पुनर्मूल्यांकन या प्रश्नों को रद्द करने की मांग की है।
इस पूरे मामले पर National Testing Agency (NTA) ने प्रतिक्रिया दी है। NTA ने कहा है कि छात्रों द्वारा उठाई गई शिकायतों पर विचार किया जा रहा है और संबंधित विशेषज्ञों द्वारा प्रश्न पत्र की समीक्षा की जाएगी। एजेंसी ने यह भी स्पष्ट किया है कि परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखना उसकी प्राथमिकता है।
हालांकि, अभी तक NTA की ओर से किसी बड़े बदलाव या पुन: परीक्षा को लेकर कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। मामले की आगे जांच और समीक्षा जारी है।
परीक्षा में हुई इन कथित त्रुटियों को लेकर छात्रों और परीक्षा प्रबंधन के बीच बहस तेज हो गई है, जिससे UGC-NET की विश्वसनीयता पर एक बार फिर सवाल खड़े हो रहे हैं।