लिसिका ग्रोवर
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
Iran और United States के बीच तनाव फिर गहराता दिख रहा है। ईरान के सुप्रीम लीडर Mojtaba Khamenei ने साफ संकेत दिया है कि देश अपने संवर्धित यूरेनियम भंडार और मिसाइल क्षमता से पीछे हटने वाला नहीं है।
रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक ईरानी नेतृत्व ने निर्देश दिया है कि उच्च स्तर का संवर्धित यूरेनियम देश के भीतर ही रखा जाएगा। यह फैसला अमेरिका की उस मांग के सीधे खिलाफ माना जा रहा है, जिसमें राष्ट्रपति Donald Trump ईरान से परमाणु सामग्री सौंपने की बात कर चुके हैं।
ट्रंप पहले ही चेतावनी दे चुके हैं कि अगर बातचीत विफल रही तो अमेरिका फिर सैन्य कार्रवाई कर सकता है। दूसरी तरफ ईरान ने भी कहा है कि “यह युद्ध खत्म नहीं हुआ है” और जरूरत पड़ने पर जवाब दिया जाएगा।
मध्य पूर्व में जारी इस तनाव का असर वैश्विक तेल बाजार पर भी दिख रहा है। अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों ने चेतावनी दी है कि अगर होर्मुज जलडमरूमध्य में संकट और बढ़ा, तो तेल बाजार “रेड ज़ोन” में पहुंच सकता है।
हालांकि दोनों देशों के बीच बैक-चैनल बातचीत जारी है और कुछ रिपोर्ट्स में कहा गया है कि नए अमेरिकी प्रस्ताव से “कुछ अंतर कम हुए हैं”, लेकिन भरोसे की भारी कमी अब भी बनी हुई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि फिलहाल खुली जंग तय मानना जल्दबाजी होगी, लेकिन दोनों पक्षों की आक्रामक बयानबाजी ने पूरे क्षेत्र को फिर अस्थिर बना दिया है।