अंजली गुप्ता
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
नई दिल्ली, 09 मार्च। संसद के बजट सत्र का दूसरा चरण सोमवार से शुरू होते ही पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव का मुद्दा संसद परिसर में गूंजने लगा। इस विषय को लेकर विपक्षी दलों ने संसद भवन परिसर में प्रदर्शन करते हुए केंद्र सरकार पर चुप्पी साधने का आरोप लगाया।
विपक्ष का कहना है कि अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच बढ़ रहे सैन्य तनाव का असर वैश्विक स्तर पर पड़ सकता है, जिसका सीधा प्रभाव भारत की ऊर्जा सुरक्षा और अर्थव्यवस्था पर भी पड़ सकता है। ऐसे में सरकार को इस मुद्दे पर स्पष्ट रुख अपनाना चाहिए।
प्रदर्शन में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल, सांसद प्रियंका गांधी और किशोरी लाल शर्मा समेत कई विपक्षी सांसद शामिल हुए। सांसदों ने संसद भवन के मकर द्वार पर एकत्र होकर हाथों में पोस्टर और बैनर लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
विपक्षी नेताओं का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय हालात को देखते हुए सरकार को देश की ऊर्जा आपूर्ति और आर्थिक हितों को सुरक्षित रखने के लिए स्पष्ट रणनीति सामने रखनी चाहिए। इस मुद्दे को लेकर संसद के अंदर भी विपक्ष के सरकार से जवाब मांगने की संभावना है।