लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
मुस्कान
मध्य प्रदेश के उज्जैन में e-रिक्शा से जुड़ा एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें आरोप है कि कुछ लोग ब्लूटूथ आधारित मोबाइल ऐप का उपयोग कर वाहनों को तकनीकी रूप से बाधित करते थे और फिर ड्राइवरों से पैसे लेकर उन्हें ठीक करने का काम करते थे।
पुलिस ने इस मामले में 18 वर्षीय एक संदिग्ध को हिरासत में लिया है और जांच जारी है। प्रारंभिक जांच में तकनीकी सबूत, सीसीटीवी फुटेज और पीड़ित ड्राइवरों के बयान शामिल किए जा रहे हैं।
अधिकारियों ने e-रिक्शा चालकों को चेतावनी दी है कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति को वाहन में तकनीकी छेड़छाड़ या मरम्मत की अनुमति न दें और सीधे अधिकृत सेवा केंद्र से ही संपर्क करें।
पुलिस का कहना है कि यह एक संगठित तरीके से की गई गतिविधि हो सकती है और इसके पीछे अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं।