लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
मुस्कान
शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपने अनशन के 14वें दिन लोगों से परीक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं के खिलाफ चल रहे आंदोलन में शामिल होने की अपील की। उन्होंने कहा कि वह खुद को कोई बड़ा नेता नहीं मानते और आम नागरिक की तरह अपनी आवाज उठा रहे हैं।
वांगचुक ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि हर व्यक्ति को अपने अधिकारों और मुद्दों के लिए आगे आना चाहिए। उन्होंने कहा कि बदलाव केवल किसी एक व्यक्ति के प्रयास से नहीं, बल्कि सामूहिक भागीदारी से संभव होता है।
उन्होंने अपने संबोधन में महात्मा गांधी का जिक्र करते हुए कहा कि लोग किसी एक व्यक्ति पर निर्भर न रहें, बल्कि खुद जिम्मेदारी लेकर आगे बढ़ें। उनका यह बयान आंदोलन में आम लोगों की भागीदारी बढ़ाने की अपील के रूप में देखा जा रहा है।
वांगचुक का अनशन परीक्षा से जुड़ी अनियमितताओं और संबंधित मांगों को लेकर जारी है। उनके समर्थकों का कहना है कि वे पारदर्शी व्यवस्था और छात्रों के हितों से जुड़े मुद्दों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करना चाहते हैं।