लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
मुस्कान
चंडीगढ़। पंजाब कांग्रेस में हालिया संगठनात्मक फेरबदल के बाद वरिष्ठ नेता और चंडीगढ़ से सांसद मनीष तिवारी ने एक तंज भरी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट साझा करते हुए लिखा, “काश असुरक्षाओं का कोई इलाज होता।”
यह टिप्पणी उस रिपोर्ट के बाद आई, जिसमें कहा गया था कि पार्टी के नए संगठनात्मक ढांचे और कार्यकारी अध्यक्षों की घोषणा के बीच उन्हें किनारे कर दिया गया है। यह बदलाव 2027 विधानसभा चुनावों की तैयारियों के मद्देनजर किया गया है।
मनीष तिवारी की इस प्रतिक्रिया को राजनीतिक गलियारों में पार्टी के भीतर असंतोष और असहमति के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, उन्होंने सीधे तौर पर किसी पर आरोप नहीं लगाया, लेकिन उनका बयान चर्चा का विषय बन गया है।
कांग्रेस पार्टी की ओर से इस मामले पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।