लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
मुस्कान
पुणे। महाराष्ट्र के पुणे जिले की एक फास्ट ट्रैक अदालत ने 3 वर्षीय बच्ची से दुष्कर्म और हत्या के मामले में 65 वर्षीय आरोपी को फांसी की सजा सुनाई है। अदालत ने अपने फैसले में इस अपराध को अत्यंत जघन्य और समाज के लिए गंभीर खतरा बताया।
मामले में सुनवाई तेज गति से पूरी की गई और अदालत ने कहा कि उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर यह मामला “दुर्लभतम में दुर्लभ” श्रेणी में आता है। अभियोजन पक्ष ने अदालत के सामने मजबूत साक्ष्य और गवाह पेश किए, जिनके आधार पर यह निर्णय लिया गया।
घटना के बाद स्थानीय स्तर पर विरोध प्रदर्शन भी हुए थे और लोगों ने त्वरित न्याय की मांग की थी।
भारतीय कानून के अनुसार, फांसी की सजा को उच्च न्यायालय की पुष्टि के बाद ही लागू किया जा सकता है।