लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
शालू कुमारी
अभिनेता कुणाल खेमू ने फिल्म इंडस्ट्री में अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए बताया कि उन्हें कई बार काम पाने के लिए अलग-अलग तरह की सलाह दी गई। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने उन्हें फिल्मी दुनिया में बने रहने के लिए महंगे गिफ्ट देने, लोगों की मेजबानी करने और पब्लिक रिलेशंस (PR) पर ज्यादा ध्यान देने की सलाह दी थी।
कुणाल ने बताया कि उनके करियर में ऐसा समय भी आया जब उनके पास लगातार काम नहीं था। उन्होंने कहा, "मैं छह से आठ महीने तक घर पर बैठा रहा। उस दौरान लोगों ने कहा कि ज्यादा लोगों से मिलो, गिफ्ट भेजो और इंडस्ट्री में अपनी मौजूदगी बनाए रखो।"
हालांकि, अभिनेता ने साफ किया कि उन्होंने अपने काम और अभिनय पर भरोसा करना बेहतर समझा। उनका मानना है कि कलाकार की असली पहचान उसकी प्रतिभा और मेहनत से बनती है, न कि केवल नेटवर्किंग या दिखावे से।
कुणाल खेमू ने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में हर कलाकार का सफर अलग होता है। कई बार प्रतिभाशाली कलाकारों को भी सही मौके मिलने में समय लगता है, लेकिन धैर्य और लगातार मेहनत ही आगे बढ़ने का रास्ता बनाती है।
हाल के वर्षों में कुणाल खेमू ने अभिनय के साथ-साथ निर्देशन में भी कदम रखा है और अपने काम के जरिए दर्शकों के बीच अलग पहचान बनाने की कोशिश की है। उनके इस बयान ने एक बार फिर बॉलीवुड में अवसर, नेटवर्किंग और PR की भूमिका को लेकर चर्चा शुरू कर दी है।