लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
शालू कुमारी
बद्रीनाथ मंदिर के रावल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें उनके साथ सुरक्षा कर्मी दिखाई दे रहे हैं। वीडियो को लेकर लोगों के मन में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर बद्रीनाथ के पुजारी को इतनी खास सुरक्षा क्यों दी जाती है।
दरअसल, बद्रीनाथ मंदिर के रावल सामान्य पुजारी नहीं होते, बल्कि वे मंदिर के मुख्य पुजारी होते हैं। रावल भगवान बदरीनाथ की पूजा-अर्चना और गर्भगृह से जुड़े प्रमुख धार्मिक अनुष्ठानों की जिम्मेदारी निभाते हैं। यह पद सदियों पुरानी परंपरा से जुड़ा हुआ है।
रावल परंपरा की शुरुआत आदि शंकराचार्य से जुड़ी मानी जाती है। बद्रीनाथ और केदारनाथ जैसे धामों में रावल की भूमिका धार्मिक व्यवस्था में बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। रावल को विशेष नियमों और मर्यादाओं का पालन करना होता है।
रावल को मिलने वाली सुरक्षा का कारण केवल धार्मिक पद नहीं, बल्कि उनकी यात्रा, मंदिर व्यवस्था और भीड़ प्रबंधन से जुड़ी परिस्थितियां भी होती हैं। चारधाम यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं, ऐसे में प्रमुख धार्मिक पद पर बैठे व्यक्ति की सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की जिम्मेदारी होती है।
वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोग इसे धार्मिक परंपरा और सम्मान से जोड़ रहे हैं, जबकि कुछ लोग सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठा रहे हैं। हालांकि रावल पद की ऐतिहासिक और धार्मिक महत्ता के कारण उन्हें विशेष प्रोटोकॉल मिलना नई बात नहीं है।