देश में बढ़ती ऊर्जा चुनौतियों और ईंधन खपत को कम करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री Narendra Modi की अपील के बाद BJP शासित कई राज्यों ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी है। उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, गुजरात, हरियाणा और उत्तराखंड समेत पांच राज्यों में ईंधन बचत को लेकर नए दिशा-निर्देश लागू किए गए हैं।
राज्य सरकारों ने सरकारी विभागों को अनावश्यक वाहन उपयोग कम करने, कार पूलिंग अपनाने और डिजिटल मीटिंग्स को बढ़ावा देने के निर्देश दिए हैं। कई जगहों पर अधिकारियों के लिए सप्ताह में कुछ दिन वर्क फ्रॉम होम और सार्वजनिक परिवहन के उपयोग पर भी जोर दिया जा रहा है।
इसके अलावा सरकारी कार्यालयों में बिजली और डीजल जनरेटर के सीमित इस्तेमाल, एयर कंडीशनर के तापमान नियंत्रण और ऊर्जा बचत उपकरणों को अनिवार्य करने जैसे कदम भी उठाए गए हैं।
मुख्यमंत्रियों ने अधिकारियों से कहा है कि आम जनता को भी ईंधन बचत के लिए जागरूक किया जाए। सरकार का मानना है कि इन उपायों से पेट्रोल-डीजल की खपत कम होगी और आर्थिक दबाव को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी।